सुश्रुतसंहिता श्री डाल्हणाचार्यटीकायुक्त
लेखक: प्रो. पी.वी. शर्मा
पुस्तक विवरण:
“सुश्रुतसंहिता श्री डाल्हणाचार्यटीकायुक्त” प्रो. पी.वी. शर्मा द्वारा संपादित एक महत्वपूर्ण आयुर्वेदिक ग्रंथ है, जिसमें सुश्रुताचार्य द्वारा रचित मूल सुश्रुतसंहिता के साथ साथ श्री डाल्हणाचार्य द्वारा लिखित ‘निबंधसंग्रह’ टीका का समावेश किया गया है। इस ग्रंथ में आयुर्वेद के शल्य चिकित्सा (सर्जरी) के सिद्धांतों और प्रथाओं का विस्तारपूर्वक वर्णन किया गया है, जो इसे आयुर्वेदिक चिकित्सा के छात्रों और चिकित्सकों के लिए एक अनिवार्य संदर्भ ग्रंथ बनाता है।
मुख्य विशेषताएँ:
- मूल पाठ और टीका: पुस्तक में सुश्रुतसंहिता का मूल पाठ संस्कृत में दिया गया है, साथ ही श्री डाल्हणाचार्य की टीका ‘निबंधसंग्रह’ को भी शामिल किया गया है, जो कठिन श्लोकों और अवधारणाओं को सरलता से समझाने में सहायक है।
- स्पष्टीकरण और व्याख्या: प्रो. पी.वी. शर्मा ने प्रत्येक श्लोक और टीका का विस्तृत और व्यावहारिक स्पष्टीकरण दिया है, जिससे पाठक प्राचीन आयुर्वेदिक ज्ञान को आधुनिक संदर्भ में समझ सकते हैं।
- शल्य चिकित्सा पर विशेष ध्यान: सुश्रुतसंहिता आयुर्वेद की शल्य चिकित्सा पर केंद्रित है, और इस पुस्तक में शल्य चिकित्सा की विभिन्न विधियों, औजारों, प्रक्रियाओं, और उपचार पद्धतियों का विस्तार से वर्णन किया गया है।
Reviews
Clear filtersThere are no reviews yet.