“कातन्त्र व्याकरण” हरिनारायण तिवारी द्वारा लिखित एक महत्वपूर्ण संस्कृत व्याकरण ग्रंथ है। यह ग्रंथ “कातन्त्र” नामक एक प्राचीन संस्कृत व्याकरण प्रणाली पर आधारित है, जो छोटे और सरल नियमों के माध्यम से संस्कृत भाषा की व्याकरणिक संरचना को समझाने का प्रयास करता है।
### “कातन्त्र व्याकरण” की प्रमुख विशेषताएँ:
1. **सरल और संक्षिप्त नियम**:
– “कातन्त्र” प्रणाली के आधार पर, इस ग्रंथ में सरल और संक्षिप्त व्याकरणिक नियमों का संकलन है, जो विद्यार्थियों के लिए संस्कृत व्याकरण को समझना और सीखना आसान बनाते हैं।
Reviews
Clear filtersThere are no reviews yet.